Wednesday, October 21st, 2026

कबाड़ी को बेच दिया बच्चों का भविष्य, दो कर्मचारी बर्खास्त; शासन को भेजी बीईओ फरीदपुर पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की रिपोर्ट

 फरीदपुर (बरेली)

बरेली में कबाड़ी के यहां सरकारी स्कूल की किताबें बेचे जाने के मामले में आउटसोर्सिंग से रखे गए कर्मचारियों पर गाज गिरा मामले को निपटा दिया गया है। बीएसए ने फरीदपुर बीआरसी के सहायक लेखाकार और ब्लॉक एमआईएस की सेवाएं समाप्त कर दी हैं। फरीदपुर बीईओ के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई करने की रिपोर्ट शासन में भेजी गई है।

बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से जनवरी माह में फरीदपुर ब्लॉक के जूनियर हाई स्कूल के बच्चों को अभ्यास पुस्तिकाएं वितरित करने के लिए बीआरसी केंद्र भेजी गई थी। यह किताबें बच्चों को न बांटकर कबाड़ में बेच दी गई। फरीदपुर बीएसए शशांक शेखर मिश्रा ने कबाड़ी की दुकान से किताबें बरामद करके अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। बीएसए विनय कुमार ने मुख्यालय और भुता के बीईओ को संयुक्त जांच करने के दिए।

मुख्यालय के बीईओ शीशपाल एवं भुता के बीईओ भानु शकर गंगवार ने जांच की। पिकअप से उतारकर किताब बेचे जाने का मामला सामने आया। मुख्यालय और भुता के बीईओ ने संयुक्त जांच रिपोर्ट बीएसए को सौंपी। इसमें फरीदपुर बीआरसी पर तैनात सर्विस प्रोवाइडर से रखे गए आउटसोर्सिंग के सहायक लेखाकार शैरव और ब्लॉक एमआईएस शिव ओम यादव को दोषी माना गया। वह दोनों पिकअप से किताबें बांटने के लिए स्कूलों में गए थे। 

 

Source : Agency

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