Thursday, October 22nd, 2026

आगरा पुलिस से बचने को बना साधू, 32 साल बाद गिरफ्तार

 आगरा 
22 साल की उम्र में आगरा के पिनाहट के अमर सिंह का पुरा निवासी रामलखन ने पड़ोसी पर चाकू से प्रहार किए थे। 65 साल की उम्र में रामलखन की गिरफ्तारी हुई है। 32 साल से पिनाहट पुलिस को आरेापित की तलाश थी। आरोपित साधू बन गया था। पिनाहट से परिवार को भी दिल्ली शिफ्ट कर दिया था। पुलिस ने बड़ी मुश्किल से आरोपित को पकड़ा और कोर्ट में पेश किया। कोर्ट ने जेल भेज दिया।

पुलिस के अनुसार रामलखन को पकड़ा गया तो पहचान में पसीने छूट गए। दाढ़ी बढ़ी हुई है। बाल सफेद हो गए थे। अमर सिंह का पुरा से कई लोगों को पहचान के लिए बुलाया गया। लोगों ने देखा तो कहने लगे ठीक से याद नहीं। जब देखा तो वह जवान था। परिजनों को पकड़कर लाने की बात पर आरोपित ने खुद कबूल किया कि उसने अपना वेश बदला है। वह रामलखन ही है। पुलिस ने बताया कि वर्ष 1978 में रामलखन ने पड़ोसी युवक पर चाकू से हमला बोला था। महीनों इलाज चला। पीड़ित बच गया। मुकदमा दर्ज हुआ था। रामलखन को उस समय जेल भेजा गया था।

कोर्ट ने आरोपित को दस वर्ष की सजा सुनाई थी। आरोपित जमानत पर जेल से बाहर आया। हाईकोर्ट में सजा कम के लिए अपील की। वर्ष 1989 में कोर्ट ने उसकी सजा चार साल छह माह कर दी। आरोपित इस जानकारी के बाद भूमिगत हो गया। रामलखन ने गांव वाला अपना मकान भी बेच दिया था। परिवार को दिल्ली में शिफ्ट कर दिया। पिनाहट से पूरी तरह नाता तोड़ लिया। पुलिस ने मुखबिर लगाए। जानकारी हुई कि रामलखन साधू बन गया है। पिनाहट भी आता है। नए रूप में उसे कोई पहचान नहीं पाता है। पुलिस ने उसे दबोच लिया।

 

Source : Agency

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