Tuesday, October 20th, 2026

दुर्घटना में अपाहिज हुए इंजीनियरिंग छात्र को दिलवाया 73 लाख रुपये मुआवजा

इंदौर
पिता के वाहन से हुई दुर्घटना में जीवनभर के लिए अपाहिज हुए इंजीनियरिंग के छात्र को जिला न्यायालय ने 73 लाख 72 हजार रुपये बतौर मुआवजा दिलवाया। इस रकम पर छह प्रतिशत वार्षिक की दर से ब्याज भी देना होगा। भुगतान पिता के वाहन का बीमा करने वाली कंपनी को करना होगा। न्यायालय ने माना कि इंजीनियरिंग छात्र की दुर्घटना के समय भले ही कोई आय नहीं थी लेकिन वह भविष्य में अच्छी आय अर्जित कर सकता था। दुर्घटना के बाद अब उसे स्थायी रूप से एक सहायक के भरोसे रहना होगा।

पांच साल पहले हुई थी दुर्घटना
हादसा 25 जनवरी 2016 को हुआ था। आरआर कैट कालोनी निवासी सुमंत चौरसिया पिता सुबोध चौरसिया के साथ कार में भोपाल से इंदौर आ रहा था। वह इंजीनियरिंग के अंतिम वर्ष का छात्र था और कालेज प्लेसमेंट में ही उसे एक कंपनी में तीन लाख 33 हजार रुपये का पैकेज आफर हुआ था। भंवरकुआं थाना क्षेत्र में आने वाले प्रतीक्षा ढाबे चौराहे के पास कार सड़क किनारे खड़े ट्रक से टकरा गई। हादसे के वक्त कार छात्र के पिता सुबोध ही चला रहे थे। दुर्घटना में सुमंत गंभीर रूप से घायल हो गया और कोमा में चला गया। इसके बाद से वह बिस्तर पर है। उसने एडवोकेट गोविंद आर मीणा के माध्यम से कार का बीमा करने वाली नेशनल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड और पिता सुबोध चौरसिया के खिलाफ दुर्घटना क्लेम प्रकरण प्रस्तुत किया।

 

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Source : Agency

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