Thursday, April 30th, 2026

मध्य प्रदेश में गेहूं खरीदी पर बड़ा फैसला: 50% तक चमकविहीन अनाज भी खरीदेगी सरकार

भोपाल

अब प्रदेश में 50 प्रतिशत तक चमकविहीन गेहूं भी समर्थन मूल्य पर खरीदा जाएगा। इतना ही नहीं 10 प्रतिशत की सीमा तक सिकुड़े दाने वाला गेहूं भी मान्य किया जाएगा। क्षतिग्रस्त दानों की सीमा छह प्रतिशत तक मान्य की गई है। प्रदेश में अतिवर्षा और ओलावृष्टि के कारण गेहूं की चमक प्रभावित हुई थी। इस तरह के गेहूं को समर्थन मूल्य पर खरीदने का कोई प्रविधान नहीं था। इससे किसान परेशान हो रहे थे। उनकी परेशानी को देखते हुए राज्य सरकार ने केंद्र से अनुरोध किया। भारतीय खाद्य निगम ने टीम भेजकर गुणवत्ता की जांच कराई और इसके बाद उक्त निर्णय लिए गए।
जिले में कहीं भी उपज बेच सकेंगे किसान

इसके साथ ही अब पंजीकृत किसान जिले में कहीं भी अपनी उपज बेचने के लिए पात्र हैं। अभी तक वह अपनी तहसील के उपार्जन केंद्र में ही उपज बेच सकते थे। प्रदेश को एक करोड़ टन गेहूं खरीदने का लक्ष्य केंद्र सरकार से मिला है। इस बार 19 लाख किसानों ने समर्थन मूल्य पर उपज बेचने के लिए पंजीयन कराया है। अभी तक 9.83 लाख किसानों द्वारा 60.84 लाख टन गेहूं विक्रय के लिए स्लॉट बुक किए जा चुके हैं। इनमें से 5,08,657 किसान 22 लाख 70 हजार टन गेहूं बेच भी चुके हैं और 3,575.11 करोड़ रुपये का भुगतान किया जा चुका है। स्लॉट बुकिंग की अवधि नौ मई से बढ़ाकर 23 मई कर दी गई है। सरकार को उम्मीद है कि मापदंडों में छूट मिलने से सभी पात्र किसानों से उपार्जन हो जाएगा।

सर्वर डाउन होने से स्लॉट बुकिंग और भुगतान प्रभावित

सर्वर डाउन, स्लॉट बुकिंग की गति धीमी: सरकार ने भले ही छोटे-बड़े सभी किसानों के लिए स्लॉट बुकिंग खोल दी हो लेकिन सर्वर डाउन होने के कारण स्लॉट बुकिंग नहीं हो पा रही है। वहीं, भुगतान भी प्रभावित हो रहा है। दरअसल, जब गेहूं तुलकर गोदामों में पहुंच जाता है तब बिल जनरेट होते हैं और फिर भुगतान किया जाता है। सर्वर डाउन होने के कारण यह काम प्रभावित हो रहा है।

किसानों की समस्याओं पर कांग्रेस का हल्लाबोल

सात मई को चक्का जाम करेगी कांग्रेस: उधर, बारदाने की कमी, स्लॉट की बुकिंग न होना, खाद की किल्लत सहित किसानों की अन्य समस्याओं को लेकर कांग्रेस सात मई को चक्काजाम करने की तैयारी में है। यह आंदोलन सेंधवा, बड़वानी, खरगोन, धार, देवास, शाजापुर, गुना, राजगढ़, शिवपुरी, मुरैना और ग्वालियर सहित सभी प्रमुख मार्गों पर किया जाएगा। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा कि गेहूं खरीदी में अव्यवस्थाओं के कारण किसान परेशान हैं। पहले मंडियों में पर्ची कटते ही तुलाई हो जाती थी, लेकिन अब इंटरनेट व्यवस्था के कारण किसानों का हक अटक गया है।

 

 

#Major Decision on Wheat

Source : Agency

आपकी राय

8 + 13 =

पाठको की राय