Friday, October 23rd, 2026

लोकसभा चुनाव 2024: मुसलमान वोटों का बिखराव रोकने के लिए नीतीश की नई चाल कितनी कामयाब होगी ?

 बिहार

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मिशन 2024 को देखते हुए मुस्लिम वोटों को एकजुट करने और बिखराव से बचाने के लिए पासा फेंका है। नये साल में एक अणे मार्ग के नेक संवाद में सोमवार की शाम मुस्लिम बुद्धिजीवियों के साथ बैठक की। इस बैठक से उनकी पार्टी के मुस्लिम नेताओं को दूर रखा गया।  सीएम ने अल्पसंख्यक समाज के लोगों और अपनी पार्टी जदयू के इस समाज से आने वाले प्रमुख नेताओं के साथ दो अलग-अलग बैठकें की।

बैठक के दौरान उन्होंने कहा कि लोगों को बरगलाने वाले, सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने वाले सक्रिय हो सकते हैं। अल्पसंख्यक समाज के लोगों से अपील है कि ऐसे तत्वों से सतर्क रहिए। अल्पसंख्यक समाज को एकजुट रखिए और आसपास के लोगों (दूसरे समाज) से भी सौहार्द बनाकर रखिए। नीतीश कुमार ने साफ कहा कि अल्पसंख्यक समाज को अब बिहार में राजीतिक रूप से कहीं और बंटने की जरूरत नहीं है।
 
तकरीबन ढाई घंटे चली इस बैठक के दौरान नीतीश कुमार ने भाजपा और एआईएमआईएम से भी सतर्क किया। उन्होंने कहा कि इसमें दो राय नहीं कि भाजपा के इशारे पर एआईएमआईएम काम करती है। ये लोग कैसी भड़काऊ और तनाव फैलानी वाली भाषा बोलते हैं। ये लोग देश की पहचान मिटाने में लगे हैं। आज जदयू या हमारे लिए नहीं, बल्कि अपने अल्पसंख्यक समाज के लिए काम कीजिए। लोगों को बताइए कि यह भाजपा की बी टीम है। 

 

#लोकसभा चुनाव 2024

Source : Agency

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