Tuesday, October 20th, 2026

आपातकालीन सेवा ड्यूटी से जूडो का इन्कार,स्वास्थ्य सेवाए प्रभावित

रायपुर
राष्ट्रीय संगठन फ्रोडा के समर्थन में हडताल पर चल रहे जूनियर डाक्टरो ने सोमवार से अम्बेडकर अस्पताल में  आपातकालीन चिकित्सा ड्यूटी करने से भी इन्कार कर दिया जिसके चलते अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाए पूरी तरह से चरमरा गई है। यद्यपि अस्पताल के वरिष्ठ डाक्टरो ने हालात पर नियंत्रण पाने स्वंय मोर्चा सम्हाल रखा है।

जूनियर डाक्टर पिछले नौ दिनों से ओपीडी और नियमित ओटी सेवा का बहिष्कार किये हुए है। हडताली जूनियर डॉक्टरों ने सोमवार से इमरजेंसी ड्यूटी नहीं करने का फैसला भी लिया है। देशभर में अटकी पीजी काउंसिलिंग को प्रारंभ कराने के लिए देशभर के रेजिडेंट डॉक्टरों ने ओपीडी और नियमित आॅपरेशन थियेटर में सेवा देने इनकार कर दिया था। राष्ट्रीय संगठन फ्रोडा के समर्थन में रायपुर मेडिकल कॉलेज के पीजी डॉक्टरों ने अपना काम बंद कर रखा है। उनकी ओपीडी सेवा बाधित करने की वजह से दूरदराज से इलाज के लिए आने वाले मरीजों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मेडिकल कॉलेज की ओर से वरिष्ठ  डॉक्टरों की ड्यूटी लगाई गई है मगर व्यवस्था पूरी तरह सामान्य नहीं हो पाई है ।अनेक मरीजों को दिनभर इंतजार के बाद समय खत्म होने की वजह से बिना जांच कराए वापस घर इलाज के वापस लौटना पड़ रहा है। सोमवार से उन्हें और अधिक परेशानी का सामना करना पड़ेगा। जूनियर डॉक्टर एसोसिएशन ने सोमवार से अपनी इमरजेंसी सेवा बंद करने का फैसला लिया है। उनका कहना है कि नया बैच नहीं मिलने की वजह से सीमित रेजीडेंट डॉक्टर पर काम का दबाव बढ़ गया है जिसके कारण वे मानसिक रूप से थक चुके हैं। इसी तरह मेडिकल पीजी में प्रवेश नहीं होने की वजह से एमडी.एमएस के विद्यार्थी अपनी पढ़ाई में पिछड़ गए हैं।

मेडिकल कॉलेज की पीजी सीटों पर प्रवेश के लिए नीट की परीक्षा देर से आयोजित हुई। परीक्षा के बाद तत्काल काउंसिलिंग की तारीख घोषित नहीं हुई। इसी बीच केंद्र सरकार द्वारा ईडब्लूएस के 10 और ओबीसी को प्रवेश में 27 प्रतिशत आरक्षण देने लागू किए जा रहे नए नियम को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दे दी गई। नवंबर माह में दिवाली का अवकाश फिर अन्य दिक्कत की वजह से मामले की सुनवाई की तारीख 16 जनवरी को दी गई। सुनवाई जल्दी पूरी कर प्रवेश देने की मांग पर देशभर के जूनियर रेजिडेंट ने 27 नवंबर से हड़ताल की घोषणा कर दी थी।

 

Source : Agency

पाठको की राय