Sunday, October 25th, 2026

डीए के लिए बार-बार हड़ताल की बजाय एक बार आदेश जारी होना चाहिए

रायपुर
छत्तीसगढ़ कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन के आवाहन पर पूरे प्रदेश में सशक्त एवं सफल आंदोलन के दूसरे दिन पूरे प्रदेश के जिला तहसील मुख्यालयों में समस्त तृतीय, चतुर्थ एवं राजपत्रित अधिकारियों व अनियमित कर्मचारियों ने महंगाई भत्ता, गृह भाड़ा भत्ता, नियमितीकरण की मांग के लिए धरना देकर नारेबाजी प्रदर्शन किया।

फेडरेशन के प्रवक्ता विजय कुमार झा ने कहा है कि जब एक देश, एक कानून, एक संविधान,एक बाजार,एक मंहगाई की बात की जाती है। एक राज्य में छत्तीसगढ़ में एक महंगाई भत्ता एक गृह भाड़ा भत्ता होना चाहिए। महंगाई भत्ता और गृह भाड़ा भत्ता सातवें वेतनमान के अनुरूप मिलना चाहिए। इसलिए केंद्रीय कर्मचारियों को जितना मिलता है, उतना राज्य सरकार के कर्मचारियों को भी मिलना चाहिए। इसलिए बार-बार महंगाई भत्ता, गृह भाड़ा भत्ता के लिए आंदोलन धरना प्रदर्शन रैली करने की बजाय मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल से मांग की है, कि राज्य सरकार एक स्थाई आदेश जारी करें कि जब जब केंद्र सरकार अपने शासकीय सेवकों को महंगाई भत्ता, गृह भाड़ा भत्ता व अन्य भत्ते देंगी, राज्य सरकार भी उसी अनुक्रम में भक्तों का पुनरीक्षण राज्य सरकार भी चर्चा के माध्यम से करेगी। तो सरकार आंदोलन और विरोध से बच सकती है। ऐसा आदेश पूर्व में 2004 में जारी किया गया था।

 

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Source : Agency

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