Tuesday, October 20th, 2026

सकारात्मकता हो तो अपने आप रास्ते खुलते चले जाते हैं:कुलपति

ग्वालियर। जीवाजी विश्वविद्यालय की ओर से गोद ग्राम योजना के तहत बुधवार को आदिवासियों के लिए घाटीगांव ग्राम पंचायत में स्वास्थ्य परीक्षण शिविर लगाया गया। मौके पर पहुंचे कुलपति प्रो.अविनाश तिवारी ने कहा गांव के लोगों से कहा कि चाहे बात आपके इलाज की हो, चाहे पढ़ाई की हो या आपके कॅरियर का प्रश्न हो, विश्वविद्यालय आपकी हर तरह से मदद करेगा।  जहां सकारात्मकता होती है,वहां रास्ते अपने आप खुलते चले जाते हैं। सहरिया जनजाति में स्किल सेल एनीमिया नामक बीमारी होने लगी है। जिसमे आरबीसी चन्द्राकर हो जाती हैं। ये कई शारीरिक परेशानियों का कारण बनती हैं।

शिविर की  शुरुआत भारतमाता और सन्त रविदास के चित्र पर कुलपति, कुलसचिव और अन्य अतिथियों द्वारा माल्यार्पण के साथ किया गया। शिविर में 130 आदिवासी मरीजों के स्वास्थ्य का परीक्षण जेयू के चिकित्सकों द्वारा किया गया।  इस दौरान जोड़ों के दर्द, त्वचा संबंधी समस्या, एनीमिया, अस्थमा आदि से पीड़ित ज्यादा मिले। महिलाओं में महिला सम्बन्धी बीमारी भी पाई गई। त्वचा संबंधी रोग में आटीर्केरिया के लक्षण पाए गए,जिसके तहत शरीर पर चकत्ते पड़ जाते हैं। वहीं जोड़ो के दर्द का कारण बढ़ती उम्र, वजन बढ़ना आदि है।
 

 

Source : Agency

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