Friday, October 23rd, 2026

डॉ.अंबेडकर ने समाज को संकीर्णता, आडम्बर एवं परंपरावाद से मुक्त करने का प्रयास किया : डॉ. महंत

रायपुर
छत्तीसगढ़ विधान सभा अध्यक्ष डॉ. चरण दास महंत ने अम्बेडकर जयंती के अवसर पर गुरुवार को विधान सभा परिसर स्थित सेन्ट्रल हाल में प्रतिष्ठापित उनके तैल चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हे नमन किया । इस अवसर पर नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक, विधायक  सत्यनारायणन शर्मा, विकास उपाध्याय,गुलाब कमरो,विधान सभा के सचिव दिनेश शर्मा एवं सचिवालय के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे ।

इस अवसर पर अपने संदेश में डॉ. महंत ने कहा कि-डॉ. अम्बेडकर स्वतंत्र भारत के संविधान के प्रमुख वास्तुकार एवं निमार्ता थे। वे स्वतंत्र भारत के प्रथम कानून मंत्री  थे। डॉ. अम्बेडकर उच्च कोटि के विद्वान, विचारक, ओजस्वी लेखक, प्रभावशाली वक्ता, योग्य प्रशासक, कानून वेत्ता एवं पिछड़ों तथा दलितों के मसीहा थे। उन्होने समाज को संकीर्णता, आडम्बर,परंपरावाद एवं धर्मांधता से मुक्त करने का सदैव प्रयास किया। भारत में सामाजिक भेदभाव एवं जातिवाद को जड़ से मिटाने के लिये उन्होने आजीवन संघर्ष किया। उनके योगदान को देश हमेशा याद रखेगा। डॉ. महंत ने कहा कि-बाबा साहब के बताए मार्ग पर चलकर ही हम समरस समाज एवं उन्नत राष्ट्र का निर्माण कर सकते हैं।

 

Source : Agency

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