Friday, October 23rd, 2026

सीनियर अफसरों की लापरवाही से सहायक यंत्रियों और उपयंत्रियों में आक्रोश

भोपाल
लोक निर्माण विभाग में सीनियर अफसरों की लापरवाही के कारण 12 साल से अधिक समय से परिवीक्षा अवधि खत्म कराने का इंतजार कर रहे सहायक यंत्रियों और उपयंत्रियों में व्यवस्था के विरुद्ध आक्रोश है। इसी कारण अब जब विभाग प्रोबेशन पीरियड खत्म करने के लिए विभागीय परीक्षा कराना चाहता है तो ये इंजीनियर उस परीक्षा में शामिल नहीं होना चाहते हैं। इंजीनियरों की इस अरुचि को देखते हुए विभाग ने प्रदेश के सभी जिम्मेदार अधिकारियों को पत्र भी लिखा है।

प्रमुख अभियंता इंजीनियर नरेंद्र कुमार द्वारा सभी मुख्य अभियंता, अतिरिक्त परियोजना संचालक, अधीक्षण यंत्री, कार्यपालन यंत्री, संभागीय परियोजना यंत्री (पीआईयू) तथा परियोजना संचालक परियोजना क्रियान्वयन इकाई को पत्र लिखकर कहा है कि विभाग में 2010 के पहले और वर्ष 2010 के बाद नियुक्त सभी सहायक यंत्री और उपयंत्री (दोनों ही कैडर के सिविल और विद्युत/यांत्रिकी) को विभागीय परीक्षा उत्तीर्ण करना अनिवार्य है। प्रमुख अभियंता ने कहा है कि अधिकांश सहायक यंत्री और उपयंत्री विभागीय परीक्षा में शामिल नहीं होना चाहते हैं। इसलिए जिम्मेदार अधिकारी अपने अधीन पदस्थ दोनों ही श्रेणी के इंजीनियरों को अपने स्तर से विभागीय परीक्षा में सम्मिलित होने के लिए निर्देशित करें। इसके बाद भी यदि ये परीक्षा में शामिल नहीं होते हैं तो इनकी परिवीक्षा अवधि समाप्ति और वेतन निर्धारण संबंधी कठिनाइयों के लिए वे खुद जिम्मेदार माने जाएंगे। गौरतलब है कि ये इंजीनियर मध्यप्रदेश सड़क विकास निगम, मप्र ग्रामीण सड़क विकास प्राधिकरण, प्रबंधन निदेशक पुलिस आवास और अधोसंरचना विकास निगम, नगर निगम भोपाल समेत विभाग के संभागीय और जिला मुख्यालयों में पदस्थ हैं।

 

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Source : Agency

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