रिद्धिमान साहा के बाद अब पूर्व विकेटकीपर सैयद किरमानी का छलका दर्द, बोले- मैं भी अन्याय का शिकार हुआ...'
नई दिल्ली
भारतीय विकेटकीपर बल्लेबाज रिद्धिमान साहा (Wriddhiman Saha) इन दिनों टीम से बाहर रहकर भी काफी सुर्खियों में छाए हुए हैं। हाल में भारतीय टेस्ट टीम में नहीं चुने जाने के बाद साहा ने ट्विटर पर आरोप लगाया था कि एक 'सम्मानित' पत्रकार ने उन्हें इंटरव्यू देने से इनकार करने के बाद उन्हें धमकी दी। इसके बाद प्रज्ञान ओझा, वीरेंद्र सहवाग और वेंकटेश प्रसाद जैसे दिग्गज क्रिकेटरों ने साहा को सपोर्ट करते हुए उनसे पत्रकार का नाम उजागर करने को कहा, लेकिन साहा ने ऐसा करने से इनकार कर दिया। साहा के विवाद के अब पूर्व भारतीय विकेटकीपर सैयद किरमानी (Syed Kirmani) ने दर्द सामने आया है। किरमानी ने कहा है कि साहा के साथ जो कुछ भी हुआ उसका सीधा सा मतलब है कि वो अन्याय का शिकार हो गए हैं। उन्होंने आगे कहा कि वह भी बहुत अन्याय का शिकार हुए,लेकिन किसी ने इस बारे में बात नहीं की।
1983 वर्ल्ड कप विनिंग भारतीय टीम का हिस्सा रहे किरमानी ने स्पोर्ट्सकीड़ा के साथ इंटरव्यू में अपना दर्द बयां करते हुए कहा, 'साहा को आईपीएल और अन्य लिमिटेड ओवरों के मैचों में सभी युवाओं के अच्छा प्रदर्शन के साथ उनके चारों ओर जबरदस्त मुकाबला हुआ है। जाहिर तौर पर वह बहुत दुखी हैं, लेकिन हर क्रिकेटर को उतार-चढ़ाव से गुजरना पड़ता है। हमें नहीं पता कि चयन समिति और टीम प्रबंधन खिलाड़ी के बारे में क्या सोचते हैं। मैं भी अन्याय का शिकार हुआ हूं, लेकिन इस बारे में कोई बात नहीं करता।'
पूर्व क्रिकेटर ने हालांकि यह नहीं बताया कि उन्हें क्यों टीम से बाहर किया गया था। उन्होंने खुलासा किया कि कैसे उन्हें टेस्ट और वनडे दोनों टीमों से 'बिना किसी गलती के' से हटा दिया गया था। किरमानी ने कहा, 'मुझें नहीं पता, मैं उस समय अपने करियर के शिखर पर था। फिर भी, मुझे बिना किसी गलती के टेस्ट और वनडे दोनों टीमों से बाहर कर दिया गया।'

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