छात्रों के मुकाबले यूजी में 1100 और पीजी में 36,735 ज्यादा दाखिले
भोपाल
उच्च शिक्षा विभाग के निजी और सरकारी 1301 कॉलेजों में प्रवेश कराने वाली काउंसलिंग के सभी राउंड में विराम लग गया है। प्रदेशभर की करीब 12 लाख 60 हजार सीटों में छह लाख 54 हजार प्रवेश हुए हैं। इसमें सबसे ज्यादा प्रवेश छात्राओं के खाते में गए हैं। यूजी में छात्र और छात्राओं के बीच पचास-पचास फीसदी सीटों पर प्रवेश लिए हैं, लेकिन पीजी में छात्रों को पटकनी देकर 61 फीसदी सीटों पर छात्राओं ने प्रवेश लिए हैं।
यूजी में कुल प्रवेश 4 लाख 94 हजार हुए हैं। इनमें छात्राओं ने 2,47,549 प्रवेश लिया। छात्रों के मुकाबले 1100 ज्यादा छात्राओं ने एडमिशन लिए हैं। इसी तरह पीजी में कुल प्रवेश 1 लाख 60 हजार 201 हुए, इनमें छात्रों ने 62,153 प्रवेश लिया। जबकि छात्रों से 36,735 ज्यादा एडमिशन छात्राओं ने लिया है। 10वीं, 12वीं और यूजी के अंतिम वर्ष की परीक्षाओं में छात्राओं के पास प्रतिशत छात्रों की अपेक्षा अच्छा रहा है। इसी कड़ी में कॉलेजों के यूजी-पीजी में प्रवेश लेने छात्राओं ने काफी दिलचस्पी दिखा रही हैं। उन्होंने स्नातक और स्नातकोत्तर में छात्रों से आगे बढ़कर प्रवेश लिए हैं। इससे प्रदेश की छात्राओं की डिग्री लेने का आंकडा भी छात्रों के मुकाबले ज्यादा हो जाएगा। यहां तक उनके उत्तीर्ण अंक छात्रों से ज्यादा रहे हैं, जिसके कारण को-एड कॉलेजों में भी उनके प्रवेश प्राथमिकता से हुए हैं।
प्रदेश में यूजी-पीजी में करीब 12 लाख 65 हजार सीटें हैं। सीटों पर प्रवेश लेने के लिए काउंसलिंग के सभी राउंड में करीब आठ लाख विद्यार्थियों के पंजीयन हुए। इसमें प्रवेश महज छह लाख 54 हजार विद्यार्थियों ने प्रवेश लिए हैं।

पाठको की राय