कोरोना बरपा रहा है कहर, यहां पर 18 अप्रैल तक के लिए बढ़ा लॉकडाउन, कठोर सख्ती बरतने के निर्देश
बर्लिन
एक साल से ज्यादा का वक्त बीच चुका है लेकिन कोरोना से दुनिया को अबतक निजात नहीं मिली है। कोरोना वायरस अभी भी खतरनाक तरीके से लोगों की जान ले रहा है। हालांकि, विश्व के ज्यादातर देशों में वैक्सीनेशन का काम काफी तेजी से जारी है, लेकिन कोरोना को काबू में करने में अभी भी विकसित से विकसित देश कामयाब नहीं हो पाए हैं। यही हाल जर्मनी का भी है, जहां लॉकडाउन बढ़ाने का फैसला किया गया है। जर्मनी में बढ़ा लॉकडाउन कोविड महामारी से जर्मनी भी बुरी तरहे से जूझ रहा है। जर्मनी की चांसलर एंजला मर्केल ने मंगलवार को जर्मनी में 18 अप्रैल तक के लिए लॉकडाउन बढ़ाने का फैसला किया है। वहीं, ईस्टर को लेकर लॉकडाउन को और सख्त किया गया है। जर्मनी की चांसलर एंजला मर्केल ने जर्मनी के अलग अलग राज्यों से बात करने के बाद लॉकडाउन और क्वारंटाइन पीरियड को बढ़ाने का फैसला लिया है। रिपोर्ट के मुताबिक 18 अप्रैल तक सभी राज्यों से सख्ती बरतने को कहा गया है। जर्मन चांसलर एंजला मर्केल ने कहा है कि देश में कोरोना वायरस की तीसरी लहर को रोकने के लिए लॉकाउन बढ़ाने का फैसला लिया गया है।
उन्होंने लोगों से अपील की है कि लोग ईस्टर की छुट्टी पर अपने घरों में ही रहें और घर से बाहर नहीं निकलें। लॉकडाउन में बेहद सख्ती जर्मनी की चांसलर एंजला मर्केल ने जर्मनी के 16 राज्यों के नेताओं से कहा है कि कोरोना वायरस की वजह से लगे लॉकडाउन के दौरान कठोर सख्ती बरती जाए क्योंकि देश को किसी भी हाल में कोरोना वायरस की तीसरी लहर से बचाना है। उन्होंने कहा है कि देश में धीरे धीरे अर्थव्यवस्था खोलने का फैसला लिया गया है और अगर कोरोना संक्रमण फिर से फैलता है तो अर्थव्यवस्था पूरी तरह से बिगड़ जाएगी। आपको बता दें कि जर्मनी में अब तक कोरोना वायरस के 26 लाख से ज्यादा मामले आ चुके हैं और वहां करीब 75 हजार से ज्यादा लोगों की मौत कोरोना वायरस की वजह से हुई है।

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