6 जगह मिले मृत कौवे,कराया सैनेटाईज, बर्ड फ्लू से दहशत
सिरोंज
पिछले दो दिनों में नगर एवं ग्रामीण अंचलों में 06 स्थानों पर मृत पक्षी मिलने से बर्ड फ्लू की आशंका के चलते पशु चिकित्सालय विभाग के द्वारा मृत पक्षियों के सेम्पल जांच के लिए भेजे है। जिनकी रिपोर्ट अभी नहीं आई है। सिरोंज के साथ ही बसौदा और पठारी के सैंपल भी भेजे गए थे। जिनकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। इसके चलते पशु चिकित्सालय अधिकारी आकाश शुक्ला ने जिन- जिन जगहों पर मृत कौआ मिले थे। वहीं पर सैनेटाईज कराया गया विभाग के कार्यालय को भी सैनेटाईज करवाने का काम किया गया साथ ही नगर एवं ग्रामीण अंचलो में संचालित होने वाली मीट की दुकानों की जानकारी एकत्रित की गई जिनको सावधानी बरतने के साथ साफ सफाई के निर्देश दिए गए है।
दो होल सेल के लाईसेंस धारी है एवं नौ फुटकर के लाईसेंस है। बाकी सभी मीट की दुकाने बगैर लाईसेंस के संचालित हो रही है। पशु चिकित्सालय अधिकारी डॉ. शुक्ला ने बताया की अभी रिपोर्ट तो नहीं आई है पर जिले में दो जगह बर्ड फ्लू की रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद सर्तकता बरती जा रही है। सैनेटाईजर से लेकर मीट की दुकानों की जानकारी के साथ सभी को दिशा निर्देश भी दिए है। कलेक्टर से जैसे आदेश मिलेंगे उस हिसाब से आगे कार्यवाही की जाएगी अभी दुकानो की जांच भी की गई है। विशेष रूप से साफ सफाई व सेनेटाईजर का उपयोग करने के निर्देश भी दिए है। आशंका होने के कारण सभी जरूरी कदम उठाए जा रहे हंै। जिस हिसाब से प्रशासन तैयारी कर रहा है। उसको देखते हुए लग रहा है कि बर्ड फ्लू की दस्तक नगर में भी हो चुकी है। जिसको देखते हुए सभी को सावधानी बरतनी होगी मीट खाने वालों को विशेष ध्यान रखना होगा फ्लू का मामला आने के बाद मीट की बिकरी पर भी असर देखने को मिल रहा है। डर के कारण लोग मीट खरीदने में डर रहे हंै।
नगर में वैसे तो दो थोक के एवं नौ फुटकर मीट का व्यापार करने के लाईसेस जारी किए गए है। बाकी सब मीट की दुकाने नियम विरूद्ध संचालित हो रही है। जिनकी संख्या दो दर्जन से अधिक है। शहर में मीट की दुकाने कही भी खोल कर बेचने का काम किया जा रहा है। जिनमें से कई दुकानदार गंदगी भी करते है। बिना लाइसेस की इतनी बड़ी संख्या में मीट की दुकाने संचालित हो रही है। जिम्मेदार अधिकारियों के द्वारा समय रहते कोई ध्यान नहींं दिया जा रहा है। इसके कारण इनकी संख्या दिन व दिन बढ़ती जा रही है। सामाजिक व धार्मिक क्षेत्रों के आस पास भी कई मीट विक्रताओं के द्वारा नियम विरूद्ध मांस बेचने का काम किया जा रहा है। धार्मिक लोगों की भावनाओं को भी ठेस पहुंचती है। सड़क पर ही गंदगी फैलाने का काम भी कुछ दुकानदारों के द्वारा किया जाता है। मांस को खुले में भी रखते है। ग्रामीण अंचलों में तो सभी दुकाने लाईसेस के संचालित हो रही है।
इनके खिलाफ कार्यवाही करने के लिए अधिकारी कभी नही आते है। जबकि अन्य दुकानो की जाच करने के लिए अधिकारी जरूर आते है। इससे ऐसा लग रहा है। कि इनकी मिली भगत से ही वगैर लाईसेस के मीट की दुकाने चल रही है ।

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