Thursday, October 22nd, 2026

वासुदेवानंद सरस्वती ने सीएम योगी के मंच से की मुलायम और मायावती की तारीफ

गोरखपुर
 ब्रह्मलीन महंत दिग्विजयनाथ की 52वीं व राष्ट्रसंत ब्रह्मलीन महंत अवेद्यनाथ की 7वीं पुण्यतिथि के उपलक्ष्य में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए प्रयागराज से आए शंकराचार्य स्वामी वासुदेवानंद सरस्वती ने सीएम योगी के मंच से सपा संस्थापक मुलायम सिंह यादव और बीएसपी सुप्रीमो मायावती की तारीफ की।
 
शंकराचार्य स्वामी वासुदेवानंद सरस्वती ने मंच से संस्कृत के विकास का श्रेय मुलायम सिंह यादव और मायावती को दिया। वासुदेवानंद सरस्वती की बात सुनकर श्रद्धांजलि कार्यक्रम में मौजूद लोग तब सन्न रह गए। कहा कि मुलायम सिंह ने संस्कृत शिक्षकों को माध्यमिक स्तर का वेतन दिया। मायावती ने भी अपने प्राचीन पद्धति से विद्यालयों में नियुक्ति के आदेश दिए थे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में संस्कृत विद्यालयों में उत्तर प्रदेश में नकल रोकने की कोशिश तो की गई है। इससे सुधार तो हुआ है लेकिन अभी भी नकल हो रही है।
 
इतना ही नहीं, उन्होंने कहा कि संस्कृत से ही भारतीय संस्कृति की रक्षा की जा सकती है। उन्होंने इस बात पर अफसोस जताया कि संस्कृत विद्यालयों को अच्छे छात्र और योग्य शिक्षक नहीं मिल रहे, जिसके चलते संस्कृत की काफी दुर्दशा हो रही है। उन्होंने मंच से सीएम योगी से मांग की कि वह संस्कृत विद्यालयों में हो रही नकल पर रोक लगाएं और संस्कृत विद्यालयों की भर्ती में आरक्षण को समाप्त कराएं।

सभा को संबोधित करते हुए कहा क‍ि संस्कृत विद्यालयों में नकल कराकर डिग्रियां दी जा रही हैं। ऐसे में संस्कृत के योग्य शिक्षक नहीं मिल पा रहे। इसके लिए उन्होंने अपनी संस्था द्वारा संचालित संस्कृत विद्यालय की चर्चा की और कहा कि उन्होंने जैसे-तैसे शिक्षकों की भर्ती कर ली। काफी प्रयास के बाद भी उन्हें योग्य शिक्षक नहीं मिल सके। उन्होंने सीएम से कहा कि संस्कृत विद्यालयों में प्राचीन पद्धति से नियुक्तियां की जाएं ताकि संस्कृत का उत्त्थान हो। संस्कृत के उत्थान पर ही भारतीय संस्कृति का उत्थान टिका हुआ है।

 

#वासुदेवानंद सरस्वती

Source : Agency

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