Tuesday, October 20th, 2026

बर्फ खाने की इच्छा के कारण और इलाज

 

रिफ्रेश महसूस करने और ठंडक पाने के लिए आमतौर पर बहुत से लोग बर्फ खाते हैं या बर्फ युक्त पेय पदार्थ पीते हैं। बर्फ का टुकड़ा चूसने से मुंह सूखने की समस्या भी दूर हो जाती है। बर्फ खाने या बर्फ युक्त पेय पदार्थ पीने की आदत को चिकित्सा की भाषा में पैगोफेजिया कहा जाता है। यह खाने के विकार यानी पाइका का एक दुर्लभ रुप है।

बच्चे और गर्भवती महिलाओं को अक्सर यह अनुभव होता है, लेकिन यह किसी में भी हो सकता है। बर्फ या बर्फ युक्त पेय पदार्थों का सेवन करना कई मौजूदा बीमारियों का संकेत हो सकता है। इसके अलावा यह दांत को भी नुकसान पहुंचा सकता है। आइए जानते हैं बर्फ खाने की इच्छा के कारण और इलाज।

एनीमिया
कुछ शोधकर्ताओं के अनुसार, शरीर में आयरन की कमी से होने वाली एनीमिया के कारण बर्फ खाने की इच्छा बढ़ती है। एनीमिया से पीड़ित लोगों में लाल रक्त कोशिकाओं का स्तर कम होता है, जो शरीर के चारों ओर ऑक्सीजन ले जाने के लिए आवश्यक होते हैं। आयरन की कमी से होने वाली एनीमिया से पीड़ित लोगों में आयरन की कमी इन कोशिकाओं का स्तर कम कर देती है। इसके कारण बर्फ खाने की इच्छा बढ़ जाती है।

गर्भावस्था, मासिक धर्म और स्तनपान
गर्भावस्था, मासिक धर्म और स्तनपान के दौरान आयरन की कमी से एनीमिया विकसित हो सकता है। शोधकर्ताओं ने पाया कि इस अवधि के दौरान, लोग अधिक मात्रा में बर्फ खाते हैं।

तनाव
तनाव से निपटने के लिए कुछ लोग बर्फ का टुकड़ा चबाते हैं। एक स्टडी में पाया गया कि अपने बेटे की पढ़ाई के तनाव से पीड़ित एक महिला अधिक मात्रा में बर्फ का सेवन करने लगी। यह समस्या ऑब्सेसिव कंपल्सिव डिसऑर्डर के कारण भी होती है।

पोषण संबंधी समस्याएं
शरीर में पोषक तत्वों की कमी के कारण बर्फ खाने की इच्छा बढ़ सकती है। सिर्फ यही नहीं, अधिक मीठे या शर्करा युक्त बर्फ वाले पेय पदार्थों को पीने की इच्छा भी तेज हो सकती है।

डिहाइड्रेशन
शरीर में पानी की कमी होने पर भी बर्फ खाने की इच्छा होती है। बर्फ चूसने से शरीर को ठंडक मिलती है और प्यास बुझती है। साथ ही शुष्क होठों को नमी मिलती है। अधिक प्यास लगना और सामान्य से गहरे रंग का पेशाब होना डिहाइड्रेशन के लक्षण हैं। इस समस्या से पीड़ित व्यक्ति को चक्कर भी आ सकता है।

इलाज
बर्फ खाने की आदत से ग्रसित व्यक्ति का इलाज संभावित कारणों पर निर्भर करता है। यह बीमारी मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं से जुड़ी हो सकती है। निदान के बाद डॉक्टर थेरेपी के साथ ही एंटीडिप्रेसेंट और एंटीएंग्जायटी दवाएं देते हैं। बर्फ खाने की आदत से कई स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं। साथ ही यह आदत कई विकारों का संकेत भी हो सकता है। इस बीमारी का समय पर निदान करके इलाज कराना चाहिए।

 

Source : Agency

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